खूनी चाँद: क्या देखेंगे और कब तैयार रहें
आपने "खूनी चाँद" सुना होगा और सोचा होगा—चाँद लाल कैसे हो जाता है? सच यह है कि यह खून जैसा नहीं, बल्कि एक वैज्ञानिक वजह से होता है। अगर अगले चाँद को खूनी-सा लाल दिखे तो समझ जाइए: पृथ्वी सूरज और चाँद के बीच आकर अपनी परछाई चाँद पर डाल रही है। यह पन्ने की पहली जानकारी ही आपकी सबसे ज़रूरी तैयारी है।
खूनी चाँद कैसे बनता है?
सरल भाषा में: जब पूरा चंद्रग्रहण (total lunar eclipse) होता है, पृथ्वी की वायुमंडल से गुज़रती रोशनी नीली किरणें बिखेर देती है और लाल तरंगें सीधे चाँद तक पहुँचती हैं। इसलिए चाँद लाल-भूरे रंग का दिखता है। इस प्रक्रिया में मौसम और वायुमंडल में धूल या धुएँ का असर भी आता है—जिससे रंग गहरा या हल्का हो सकता है।
ध्यान रखें: खूनी चाँद देखने के लिए किसी तरह की सुरक्षा की ज़रूरत नहीं होती जैसे सूर्य देखने में होती है। चाँद निहारना बिलकुल सुरक्षित है।
कहाँ और कब दिखेगा — व्यावहारिक टिप्स
पहला कदम है सही तारीख और समय जानना। स्थानीय मौसम और आसमान की साफ़ी बहुत मायने रखती है। बादल होने पर चाँद नहीं दिखेगा, इसलिए आसमान साफ़ रखने वाले इलाकों की ओर देखें। शहर में प्रकाश प्रदूषण कम वाले इलाके बेहतर रहते हैं।
अगर आप फ़ोन से फोटो लेना चाहते हैं तो ये आसान टिप्स काम आएँगे: स्मार्टफोन को ट्राइपॉड पर रखें या किसी ठोस सतह से टिकाएँ, टेलीफ़ोन के एक्सपोज़र/फोकस पर लॉक करें, ज़ूम बहुत ज़्यादा न करें—क्योंकि पिक्सल बिगड़ सकते हैं। प्रो मोड में शटर स्पीड धीमा रखें और ISO को मध्यम पर सेट करें। बेहतर तस्वीर के लिए 2-3 सेकंड سے زیادہ exposure और फोन का टाइमर यूज़ करें ताकि हैंड शेक न आए।
टेली़स्कोप या बड़े लेंस वाले कैमरे से रंग और सतह की बारीकियां साफ़ दिखती हैं। लेकिन सामान्य आँख से भी खूनी चाँद एक यादगार नज़ारा देता है।
क्या आप मिथक सुनते हैं? कुछ जगहों पर लोग ग्रहण के समय खाना या बाहर जाने को लेकर डरते हैं। वैज्ञानिक दृष्टि से ऐसा कोई खतरा नहीं है। बच्चों और पालतू जानवरों के लिए भी कोई जोखिम नहीं। अगर धार्मिक या पारंपरिक कारण हैं तो व्यक्तिगत चुनाव मान्य है, पर सुरक्षा या स्वास्थ्य के कोण से ग्रहण से डरने की ज़रूरत नहीं।
अंत में, अगर आप असली अनुभव चाहेंगे तो समय पर बाहर निकलें, आसमान साफ़ जगह चुनें और अपने फोन/कैमरा की बैटरी चार्ज रखें। एक छोटा कप गर्म चाय और साथ में परिवार या दोस्तों के साथ यह नजारा देखना किसी यादगार रात से कम नहीं।
2021 का पहला चंद्रग्रहण: 26 मई को खूनी चाँद का नजारा
2021 का पहला पूर्ण चंद्रग्रहण 26 मई को दिखा, जिसमें खूनी चाँद का अनूठा नजारा देखने को मिला। पश्चिमी उत्तरी अमेरिका, प्रशांत महासागर, ऑस्ट्रेलिया और एशिया के कुछ हिस्सों से यह अद्भुत घटना देखने को मिली। चाँद का यह अद्भुत नजारा सुपरमून के साथ-साथ दिखाई दिया और इसका कुरकुरी लाल रंग आँखों को आनंदित कर रहा था।